नवांशहर में सीएम कैप्टन धरने पर बैठे, केरल के कांग्रेसी सांसद कानूनों के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट गए, पंजाब सरकार भी मामले में ले रही कानूनी राय
केंद्र के 3 नए कृषि कानूनों पर कांग्रेस समेत विपक्षी दलों का विरोध संसद से सड़कों तक उतरने के बाद राज्य विधानसभाओं और सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गया है। कई राज्यों में किसानों व विपक्षी दलों के प्रदर्शनों के बीच सोमवार को कांग्रेस ने अपनी राज्य सरकारों से कहा, वे केंद्र के इन कानूनों के खिलाफ राज्य विधानसभाओं में कानून पारित करें।
कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने कहा, संविधान के आर्टिकल 254(2) के तहत राज्यों को अधिकार है कि उनके क्षेत्राधिकार में दखल करने वाले केंद्रीय कानून को नकार दें और नया कानून बनाएं। वहीं, केरल के त्रिशूर से कांग्रेसी सांसद टीएन प्रतापन ने केंद्रीय कानूनों के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर दी। पंजाब कांग्रेस सरकार भी मामले पर विधिक राय ले रही है।
उधर, दिल्ली इंडिया गेट पर शहीद-ए-आजम भगत सिंह की जयंती पर यूथ कांग्रेस वर्करों ने ट्रैक्टर जलाकर नारेबाजी की। दिल्ली पुलिस ने मामले में 5 को अरेस्ट किया है। पंजाब में अमृतसर समेत कई जिलाें में किसानों ने प्रदर्शन किए। बटाला में किसानों के धरने में पंजाबी गायक व खिलाड़ी, मुक्तसर में युवा शामिल हुए। नवांशहर के गांव खटकड़कलां में सीएम अमरिंदर सिंह मंत्रियों के साथ कृषि कानून के विरोध में धरने पर बैठे।
ट्रक में लाए ट्रैक्टर, धक्का देकर गिराया, जलाकर जताया विरोध
सोमवार को कृषि कानून के विरोध में इंडिया गेट के सामने यूथ कांग्रेस वर्करों ने ट्रैक्टर जलाया। इस दौरान शहीद भगत सिंह की फोटो लेकर नारेबाजी भी की। प्रदर्शन सही है, लेकिन ऐसा करने से किसी को नुकसान भी पहुंच सकता था।
जो ट्रैक्टर दिल्ली में जलाया, उसी में अंबाला में भी लगाई थी आग

20 सितंबर को यूथ कांग्रेस ने ट्रैक्टर (आरआरके 1163) को अंबाला में जलाने की कोशिश की थी। 28 सिंतबर को यूथ कांग्रेस वर्करों ने उसी ट्रैक्टर को ट्रक से दिल्ली लाकर इंडिया गेट के सामने दोबारा से फंूक डाला। दोनों ट्रैक्टर पर नंबर एक ही था।
सीएम ने कहा-संघर्ष के बहाने माहौल खराब कर सकती है आईएसआई

सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने खेती कानूनों को एंटी नेशनल बताते हुए कहा, जब किसान के पेट से रोटी छीनी जाएगी, तो वे आईएसआई के लिए आसान टारगेट बन जाएंगे। केंद्र ने नया बिल लाकर प्रदेश में माहाैल बिगाड़ने की कोशिश की है, पर पंजाब सरकार ऐसा होने नहीं देगी। सीएम सोमवार को शहीद-ए-आजम भगत सिंह के 113वें जन्मदिन पर उनके पैतृक गांव खटकड़कलां पहुंचे थे।
यहां शहीदी समारक पर धरने के बाद सीएम ने कहा इस लड़ाई में सरकार को सुखबीर की मदद की जरूरत नहीं है। बिलों के खिलाफ अन्य राज्यों के साथ मिल सरकार सुप्रीम कोर्ट जाएगी। उधर, पंजाब कांग्रेस प्रभारी हरीश रावत ने कहा, 2 अक्टूबर को मुहिम चलाकर कृषि कानूनों के खिलाफ 2 करोड़ किसानों के दस्तखत लेंगे। इन्हें 14 नवंबर को राष्ट्रपति को सौंपा जाएगा।
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