नांदेड़ स्थित हजूर साहिब से लौटे कस्बा खेमकरण के दादा-पोता कोरोना पॉजीटिव पाए गए हैं। दोनों 26 अप्रैल की रात 14 श्रद्धालुओं संग टैंपो ट्रैवलर में घर लौटे थे, जिनमें 3 लोग मोगा जिले के थे। इन सभी के लौटने के दो घंटों के अंदर ही जिला प्रशासन ने घरों से उठाकर तरनतारन के सिविल अस्पताल में आइसोलेट कर दिया था। पॉजीटिव पाए गए 67 वर्षीय नरिंदर सिंह की पत्नी और पोती भी उनके साथ ही लौटे हैं। दादी-पोती समेत 11 लोगों के रिपोर्ट निगेटिव आई है। पॉजीटिव पाया गया 11 वर्षीय बच्चे का नाम मनजोत सिंह है। दो नए मरीजों के मिलने के बाद जिले में कुल मरीजों के संख्या 8 हो गई है। इससे पहले सोमवार को 6 मरीज पॉजीटिव पाए गए थे।
पॉजिटिव पाए गए दादा-पोता के घर में कुल 6 सदस्य हैं। इनमें से यात्रा पर 4 मेंबर गए थे। पॉजीटिव पाए गए नरिंदर का बेटा और बहू उनके साथ नहीं गए थे। पोता-पोती साथ गए थे। नरिंदर के बेटे को भी मंगलवार शाम आइसोलेशन सेंटर में भर्ती कर लिया गया है। दूसरी तरफ पिछले 4 दिन में जिले में हजूर साहिब से आए 167 लोगों को जिले के अलग-अलग अाइसोलेशन सेंटरों में भर्ती करवाया दिया गया। इन सभी के सैंपल भी जांच के लिए लैब में भेजे गए हैं। सोमवार को सेहत विभाग ने जिन 156 लोगों के सैंपल लिए थे, उनमें से दो की रिपोर्ट पॉजीटिव आई है, जबकि बाकी निगेटिव पाए गए हैं। वहीं मंगलवार को 302 और लोगों के सैंपल लिए गए हैं। इनमें 167 हजूर साहिब से आए लोगों के हैं। 40 पॉजीटिव पाए गए 6 लोगों के पारिवारिक सदस्य हैं।
घर पहुंचने के 2 घंटे बाद सेहत विभाग ने कर दिया था आइसोलेशन वार्ड में शिफ्ट
जानकारी के अनुसार खेमकरण के वार्ड 11 और 3 के 11 लोग माथा टेकने हजूर साहिब गए थे। इनमें वार्ड 11 के रहने वाले नरिंदर सिंह की पत्नी और पोता-पोती भी शामिल थे। कर्फ्यू के कारण पिछले 35 दिन से वहां फंसे थे। पंजाब सरकार की मंजूरी के बाद मोगा के 3 लोगों के साथ ये टेंपो ट्रैवलर में खेमकरण के लिए रवाना हुए। मोगा के तीन लोगों को घर छोड़ने के बाद ये 26 अप्रैल की रात 12 बजे अपने घरों में पहुंचे। जिला प्रशासन को इनके आने की सूचना मिल गई।
एसडीएम नरिंदर सिंह धारीवाल के अनुसार उन्हें सूचना मिली थी कि इन लोगों को जो ड्राइवर टैंपो ट्रैवलर छोड़ने आया है, वह कोरोना पॉजीटिव है। इसलिए सभी को रात करीब 2 बजे इन सभी को घरों से उठाकर तरनतारन सिविल अस्पताल पहुंचाया गया। मोगा के तीन लोगों के बारे में वहां के प्रशासन को सूचित कर दिया गया है। सिविल सर्जन डॉ. अनूप कुमार ने बताया कि 27 अप्रैल को 11 लोगों के खून के सेंपल लेकर अमृतसर लैब में भेजे थे, जहां से दो लोगों की रिपोर्ट पॉजीटिव आई है।
3 किलोमीटर एरिया सील, आज से शुरू होगी स्क्रीनिंग
नरिंदर और मनजोत की रिपोर्ट पॉजीटिव आने के बाद एसडीएम पट्टी नरिंदर सिंह धालीवाल और डीएसपी राजबीर सिंह अपनी की टीम के साथ खेमकरण पहुंचकर। इसके बाद पुलिस की मदद से पूरे इलाके को सील कर दिया गया। डीएसपी ने बताया कि इन लोगों के घर के 3 किलोमीटर के घेरे में किसी को न तो अंदर जाने दिया जाएगा और न ही बाहर। एसएमअाे डॉ. रोहित मेहता ने कहा कि बुधवार से कस्बे के सभी 13 वार्डों में स्क्रीनिंग का काम शुरू होगा। सबसे पहले वार्ड में 11 से शुरुआत की जाएगी। पॉजीटिव पाए गए मरीज इसी वार्ड के हैं।
167 श्रद्धालुओं को माई भागो कॉलेज में बने आइसोलेशन सेंटर में भर्ती करवाया
डीसी प्रदीप कुमार सभ्रवाल ने बताया कि पिछले 4 दिनों में हजूर साहिब से आए 167 श्रद्धालु को माई भागो कॉलेज के बने आइसोलेशन सेंटर में भर्ती किया गया है।
राजस्थान से लौटे 40 मजदूर और महाराष्ट्र से आए 4 पूर्व फौजी भी क्वारंटाइन
लॉकडाउन के बाद दूसरे राज्य में काम की तलाश के लिए गए पंजाबी मजदूर भी घरों में वापस आ रहे हैं। तरनतारन के आसपास के गांव के लगभग 40 मजदूर मंगलवार को राजस्थान से लौटे। इनमें से 30 मजदूरों को पट्टी के पॉलिटेक्निक और 10 काे खडूर साहिब के सरकारी कॉलेज के क्वारंटाइन सेंटर में रखा गया है। डीसी प्रदीप कुमार ने बताया कि 40 और मजदूरों के बुधवार को पंजाब अाने की सूचना है। इसके अलावा महाराष्ट्र से लौटे 4 पूर्व फौजियों को भी क्वारंटाइन किया गया है।
सोमवार को पॉजीटिव पाए गए 6 लोगों के परिवारों में 40 सदस्य
सिविल सर्जन ने बताया कि सोमवार को पॉजीटिव पाए गए 6 लोगों के परिवारों के कुल 40 सदस्यों को माई भागो कॉलेज के आइसोलेशन सेंटर में शिफ्ट किया गया है। इनमें 8 बच्चे, 14 महिलाएं, 10 पुरुष और 8 बुजुर्ग शामिल हैं। इन सभी के सैंपल जांच के लिए अमृतसर भेजे गए हैं। इनकी रिपोर्ट बुधवार को आने की संभावना है।
रिश्तेदार के धार्मिक समागम में भी गया था कोरोना पॉजीटिव
23 अप्रैल को हजूर साहिब से वापस आने वाले 19 लोगों के टेस्ट 25 अप्रैल को सुरसिंह अस्पताल में करवाए गए थे। 27 अप्रैल को इनमें से 6 की रिपोर्ट पॉजीटिव आई। होम क्वारंटाइन होने के बावजूद ये छह लोग तीन दिनों तक अपने घरों से बाहर घूमते रहे। इनमें शामिल दया सिंह सुरसिंह के धार्मिक स्थान बाबा बिधि चंद संप्रदाय में सेवा करता रहा वहीं निशान सिंह अपने रिश्तेदार के यहां आयोजित धार्मिक समागम में शामिल हुआ। इससे दूसरे लोगों में भी कोरोना संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ गया है।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
from Dainik Bhaskar https://ift.tt/35iHdHE
via
No comments: