जीएसटी, रिटर्न और लेट फीस से तंग अकाउंटेंट ने होटल में जहर खाया, व्हाट्सएप से भेजा भाई को सुसाइड नोट
अमृतसर.जीएसटी, रिटर्न और लेट फीसों से तंग एकाउंटेंट ने सुसाइड कर लिया। यह पहला ऐसा मामला है, जब किसी व्यापारी ने नहीं, एकाउंटेंट ने सुसाइड किया है। मृतक की पहचान गांव नंगल कोटली गुरदासपुर के सतिंदर कुमार के रूप में हुई है। भाई गुरिंदर ने बताया, सतिंदर मंगलवार दोपहर घर से बटाला को निकले थे। वह बटाला चार्टेंड एकाउंटेंट से मिलने जाते थे। लेकिन शाम को फोन पर बात हुई तो उन्होंने बताया, वह अमृतसर आ गए हैं, बुधवार सुबह वापिस आएंगे।
दोपहर 2.45 बजे उन्हें फोन कर पूछा तो सतिंदर ने कहा, उसने सल्फॉस खा ली है। इसके तुरंत बाद फोन कट गया। 3.06 बजे उनके व्हाट्सएप पर सुसाइड नोट भी भेज दिया। होटल कर्मियों ने बताया 3 से 3.15 बजे के बीच सतिंदर ने रिसेप्शन पर मेडिकल एड मांगी। तुरंत बाद एक उन्हें मृतक के किसी पारिवारिक सदस्य का फोन आया था। जब डाक्टर्स की टीम कमरे में पहुंची तो सतिंदर की मौत हो चुकी थी।
मैं इसे झेल नहीं पा रहा हूं
एसएचओ सिविल लाइन शिवदर्शन सिंह ने बताया कि पुलिस को एक सुसाइड नोट मिला जिसमें सतिंदर कुमार ने जीएसटी, रिटर्न और लेट फीस से निपट नहीं सकने को मौत का मुख्य कारण बताया है। सतिंदर ने अपने सुसाइड नोट में लिखा - मैं अपने होश में और दिल-दिमाग के साथ लिया है कि मैं अपनी जीवन लीला खत्म करने जा रहा हूं। मुझे माफ कर देना। मैं आगे की जिंदगी नहीं जी सकता। इस का मुख्य कारण है जीएसटी, रिटर्न, लेट फीस। इतनी पड़ रही है कि मैं इसे झेल नहीं पा रहा हूं। लगभग महीनों से मैं ऐसे जी रहा हूं, जैसे मैं यहां दिन काट रहा हूं। मैं हर रोज मरता हूं। माम-डैड मुझे माफ कर देना। आपका बेटा तुम्हे छोड़कर जा रहा। अपना ख्याल रखना अगर मैं फैसला ना लेता तो आप मुझे हर रोज मरता हुआ देख नहीं सकते थे। टिंकू मेरे भाई, तुम भी मुझे माफ कर देना यार। मैं तुझे अकेला छोड़ के जा रहा हूं। विक्की तुम भी मुझे माफ कर देना, रिंपी तुम भी मुझे माफ कर देना। --- माय लव, तुम भी मुझे माफ कर देना। तैरे से जो वायदा मैंने जिंदगी साथ निभाने का किया था वो अधूरा रह गया यार। जोनी तुम भी मुझे माफ कर देना। तेरा गुरु तुझे छोड़ के चला गया। शव को कब्जे में लेने के बाद जांच शुरु कर दी गई है।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
from Dainik Bhaskar https://ift.tt/2lPOgFk
via
No comments: